प्रशिक्षण कार्यक्रम के बारे
जैव-प्रौद्योगिकी वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए जीवित प्रणालियों के प्रबंधन का एक साधन है। यह मास्टर कार्यक्रम आणविक जीवविज्ञान और आनुवंशिकी की विधियों में दक्ष विशेषज्ञ तैयार करता है। विद्यार्थी जीन की संरचना तथा जीनोमिक और प्रोटीओमिक आँकड़ों का अध्ययन करते हैं, प्रयोगशाला तकनीकों और जैव-सूचना विज्ञान में दक्षता हासिल करते हैं, और आनुवंशिक अभियांत्रिकी के नैतिक व कानूनी पहलुओं को समझते हैं। स्नातक चिकित्सा, औषधि-विज्ञान, कृषि, पशुचिकित्सा और खाद्य उद्योग के लिए नवोन्मेषी उत्पाद विकसित करते हैं। यह कार्यक्रम उन लोगों के लिए है जो प्रकृति का केवल अध्ययन नहीं करना चाहते, बल्कि जीवन को बेहतर बनाने और पृथ्वी को बचाने के लिए उसके घटकों को डिजाइन करना चाहते हैं।











